वैश्विक समाचार – 1 नवम्बर, 2025 | दुनिया भर में प्रमुख घटनाएं और पर्व

1 नवम्बर 2025 एक ऐसा दिन है जो पूरे विश्व में अर्थ, उत्सव और सांस्कृतिक महत्व से भरा हुआ है। यह दिन करुणा, विश्वास और गौरव का प्रतीक है — चाहे वह पशु-प्रेम और सतत जीवनशैली को बढ़ावा देना हो, संतों को सम्मान देना हो या भारत के राज्यों के गौरव का उत्सव मनाना हो। यह तिथि मानवता की विविधता और एकता का सुंदर प्रतिबिंब प्रस्तुत करती है।

विश्व शाकाहारी दिवस – करुणा और स्थायित्व का उत्सव

हर वर्ष 1 नवम्बर को विश्व शाकाहारी दिवस (World Vegan Day) मनाया जाता है। यह दिन पशुओं के प्रति दया, पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी और स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करता है। 1994 में यूके की Vegan Society द्वारा इस दिवस की स्थापना की गई थी। इसका उद्देश्य लोगों को पौधों पर आधारित जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना है ताकि पृथ्वी, पशु और मानव सभी का कल्याण हो सके।
दुनिया भर में इस दिन विशेष भोजन उत्सव, जागरूकता अभियान, और पर्यावरण संरक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। भारत में मुंबई, बेंगलुरु जैसे शहरों में कई कैफ़े और रेस्तरां विशेष शाकाहारी मेनू प्रस्तुत करते हैं, जिससे लोग cruelty-free भोजन की ओर प्रेरित हों।

सर्व संत दिवस – आस्था और स्मरण का प्रतीक

1 नवम्बर को विश्वभर में सर्व संत दिवस (All Saints’ Day) भी मनाया जाता है। यह ईसाई समुदाय का एक पवित्र दिवस है, जिसमें सभी ज्ञात और अज्ञात संतों को सम्मानित किया जाता है जिन्होंने धर्म और सदाचार के मार्ग पर जीवन व्यतीत किया।
इस दिन चर्चों में विशेष प्रार्थना सभाएं होती हैं और परिवार अपने प्रियजनों की स्मृति में कब्रों पर दीपक या मोमबत्तियां जलाते हैं। यह दिन हैलोवीन (31 अक्टूबर) के बाद और ऑल सोल्स डे (2 नवम्बर) से पहले आता है, जिससे यह तीन दिवसीय अवधि श्रद्धा और आत्मिक चिंतन का समय बनती है।

कर्नाटक राज्योत्सव और हरियाणा दिवस – भारतीय राज्यों का गौरव

भारत में 1 नवम्बर का दिन कर्नाटक राज्योत्सव और हरियाणा दिवस के रूप में मनाया जाता है।
1956 में इसी दिन कन्नड़ भाषी क्षेत्रों को मिलाकर कर्नाटक राज्य का गठन हुआ था, जबकि 1966 में हरियाणा को पंजाब से अलग एक नए राज्य के रूप में बनाया गया।
इन दोनों राज्यों में इस दिन ध्वजारोहण, सांस्कृतिक कार्यक्रम, परेड, और भाषा एवं परंपरा को समर्पित आयोजन किए जाते हैं। यह भारत की एकता में विविधता की भावना को और अधिक प्रबल बनाता है।

निष्कर्ष

1 नवम्बर 2025 ऐसा दिन है जो हमें करुणा, विश्वास और पहचान के गर्व की याद दिलाता है। चाहे आप शाकाहारी जीवनशैली का समर्थन कर रहे हों, संतों की स्मृति में श्रद्धांजलि दे रहे हों या अपने राज्य की सांस्कृतिक विरासत पर गर्व कर रहे हों — आज का दिन मानवता को एक सूत्र में जोड़ता है।

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