ग्लोबल न्यूज़ – 9 नवंबर 2025 | दुनिया भर की बड़ी खबरें और प्रमुख सुर्खियाँ

9 नवंबर 2025 दुनिया के लिए उतार–चढ़ाव, उम्मीद और चुनौतियाँ लेकर आया। कहीं जलवायु सम्मेलन शुरू हुआ, कहीं तूफ़ान ने तबाही मचा दी, तो कहीं सालों पुराने संघर्षों में एक मानवीय कदम देखने को मिला। आइए नज़र डालते हैं आज की सबसे महत्वपूर्ण और इंसानी भावनाओं से जुड़ी अंतरराष्ट्रीय ख़बरों पर।
ब्राज़ील में COP30 की शुरुआत — पृथ्वी के भविष्य पर बड़ी उम्मीदें
अमेज़न के दिल बेलें (Belém), ब्राज़ील में आज COP30 जलवायु सम्मेलन की शुरुआत हुई। दुनिया भर से नेता, वैज्ञानिक और कार्यकर्ता यहाँ पहुँचे, ताकि ग्लोबल वार्मिंग और वन संरक्षण जैसे मुद्दों पर ठोस कदम लिए जा सकें।
हालाँकि, अमेरिका के शीर्ष नेतृत्व की अनुपस्थिति ने कई सवाल खड़े कर दिए। विशेषज्ञों का मानना है कि बड़े देशों के बिना वैश्विक जलवायु लक्ष्यों को हासिल करना कठिन होगा। फिर भी, ब्राज़ील की आक्रामक पर्यावरण नीति उम्मीद जगाती है।
अमेरिका में सरकारी शटडाउन जारी — दुनिया भर पर असर
अमेरिका में सरकारी शटडाउन लगातार बढ़ता जा रहा है। इसका असर सिर्फ अमेरिकी नागरिकों पर ही नहीं, बल्कि दुनिया भर में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर भी दिख रहा है। कई कर्मचारियों को समय पर वेतन नहीं मिल पा रहा।
वित्तीय बाज़ार भी इस राजनीतिक अस्थिरता से चिंतित हैं। यह स्थिति उन अंतरराष्ट्रीय बैठकों पर भी असर डाल रही है, जिनमें अमेरिका की सक्रिय भूमिका ज़रूरी है।
सुपर टाइफून फंग-वॉन्ग ने फिलीपींस में मचाई तबाही
फिलीपींस में आज सुपर टाइफून फंग-वॉन्ग ने भारी तबाही मचाई। तेज़ हवाओं और भयानक बाढ़ के कारण हज़ारों लोगों को अपना घर छोड़ना पड़ा। बचाव टीमें लगातार प्रभावित क्षेत्रों में काम कर रही हैं।
यह घटना एक बार फिर दिखाती है कि जलवायु परिवर्तन एशियाई देशों के लिए कितनी बड़ी चुनौती बन चुका है।
हमास ने 11 साल बाद लौटाए इज़रायली सैनिक के अवशेष
एक भावनात्मक और मानवीय कदम में हमास ने इज़रायली सैनिक हदार गोल्डिन के अवशेष इज़रायल को सौंप दिए, जिन्हें 2014 के गाज़ा संघर्ष में मारा गया था।
यह कदम भले ही शांति प्रक्रिया को तुरंत आगे न बढ़ाए, लेकिन इससे संघर्ष के बीच इंसानियत की छोटी किरण ज़रूर दिखाई देती है।
इंडोनेशियाई नेतृत्व के लिए बढ़ा जनसमर्थन
इंडोनेशिया में नए सर्वे ने दिखाया कि जनता राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियान्तो और उपराष्ट्रपति गिब्रान रकाबुमिंग राका के नेतृत्व से संतुष्ट है। यह राजनीतिक स्थिरता दक्षिण-पूर्व एशिया की अर्थव्यवस्था और सुरक्षा के लिए सकारात्मक संकेत मानी जा रही है।